बार-बार फर्जी ID बनाकर पीड़िता को कर रहा था परेशान
रामनगर। सोशल मीडिया के इस दौर में Cyber Crime (साइबर अपराध) के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं, जो खासकर महिलाओं की सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन चुके हैं। ऐसा ही एक गंभीर मामला नैनीताल जिले के रामनगर से सामने आया है, जहाँ एक सिरफिरे आशिक या कहें कि शातिर अपराधी द्वारा एक महिला को सोशल मीडिया पर लंबे समय से प्रताड़ित किया जा रहा था। वह बार-बार नई-नई फर्जी इंस्टाग्राम आईडियां बनाकर पीड़िता को परेशान कर रहा था। लेकिन इस बार कानून के लंबे हाथों ने उसे धर दबोचा है।
पूरा मामला तब प्रकाश में आया जब वादी अरुण कुमार ने कोतवाली रामनगर में एक लिखित तहरीर दी। तहरीर में उन्होंने बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा इंस्टाग्राम पर बार-बार फर्जी आईडी बनाई जा रही है। हद तो तब हो गई जब उस अज्ञात व्यक्ति ने उनकी पत्नी की फोटो का इस्तेमाल करके फर्जी अकाउंट बनाया और उस पर अश्लील एवं बेहद आपत्तिजनक कमेंट करने शुरू कर दिए। इससे पीड़िता और उसका परिवार अत्यधिक मानसिक तनाव से गुजर रहा था।
इस संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने तुरंत कड़े निर्देश जारी किए। उन्होंने जनपद नैनीताल पुलिस को सोशल मीडिया के माध्यम से महिलाओं एवं आमजन को परेशान करने वालों तथा Cyber Crime के विरुद्ध प्रभावी और तत्काल कार्रवाई करने को कहा। इसी क्रम में मनोज कुमार कत्याल (पुलिस अधीक्षक हल्द्वानी) एवं श्री अमित कुमार सैनी (क्षेत्राधिकारी रामनगर) के पर्यवेक्षण तथा श्री सुशील कुमार (प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रामनगर) के नेतृत्व में कोतवाली रामनगर पुलिस एवं साइबर सेल की एक संयुक्त विशेष टीम का गठन किया गया।
तकनीकी साक्ष्यों से खुला राज, मोबाइल से मिले सबूत
पुलिस और साइबर सेल की टीम ने मामले की गहनता से जांच शुरू की। इंटरनेट और सोशल मीडिया के जाल में छुपे इस आरोपी तक पहुँचना आसान नहीं था, लेकिन पुलिस टीम द्वारा तकनीकी साक्ष्यों एवं गहन साइबर विश्लेषण (Technical & Cyber Analysis) के माध्यम से उस इंटरनेट प्रोटोकॉल (IP Address) और मोबाइल नंबर को ट्रैक किया गया, जिससे यह फर्जी इंस्टाग्राम आईडी संचालित की जा रही थी।
तकनीकी कड़ियों को जोड़ते हुए पुलिस टीम ने आरोपी की सटीक पहचान कर ली। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अभियुक्त जितेंद्र सैनी पुत्र श्याम लाल (निवासी – पूछड़ी, थाना रामनगर, जनपद नैनीताल) को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने जब अभियुक्त की तलाशी ली, तो उसके कब्जे से वह मोबाइल फोन भी बरामद हो गया जिससे वह यह सब कर रहा था। मोबाइल की फॉरेंसिक जांच में फर्जी इंस्टाग्राम आईडी संचालित किए जाने से संबंधित कई महत्वपूर्ण और पुख्ता साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
सोशल मीडिया पर सुरक्षा के लिए बरतें ये सावधानियां
विशेषज्ञों के अनुसार, सोशल मीडिया का उपयोग करते समय कुछ महत्वपूर्ण सावधानियां बरतकर आप इस तरह के Cyber Crime का शिकार होने से बच सकते हैं-
अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स (जैसे फेसबुक, इंस्टाग्राम) की प्राइवेसी सेटिंग्स को हमेशा ‘प्राइवेट’ रखें।
किसी भी अनजान व्यक्ति की फ्रेंड रिक्वेस्ट या मैसेज रिक्वेस्ट को स्वीकार न करें।
अपनी प्रोफाइल पिक्चर को लॉक करके रखें ताकि कोई उसका स्क्रीनशॉट या डाउनलोड न कर सके।
यदि कोई आपको परेशान करता है, तो तुरंत उसका स्क्रीनशॉट लें और अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन या Cyber Crime Portal पर शिकायत दर्ज कराएं।
सोशल मीडिया पर सुरक्षित रहने के लिए अपने पासवर्ड को हमेशा मजबूत रखें और उसे समय-समय पर बदलते रहें।
अपनी निजी ईमेल आईडी और फोन नंबर को प्रोफाइल में छुपा कर (Hidden) रखें। किसी भी अनजान ऐप को अपने सोशल मीडिया अकाउंट से लॉग-इन (Sign-in) करने की अनुमति न दें।
सार्वजनिक वाई-फाई (Public Wi-Fi) का उपयोग करते समय अपने बैंकिंग या सोशल मीडिया अकाउंट्स को लॉग-इन करने से बचें।