यदि आप इस लंबे वीकेंड (2 अक्टूबर से 4 अक्टूबर 2026) पर बाबा नीब करौरी महाराज के दर्शन के लिए जाने वाले हैं, तो Kainchi Dham Traffic Plan 2026 की पूरी जानकारी आपके लिए बेहद जरूरी है। श्री कैंची धाम, सरोवर नगरी नैनीताल के आसपास भवाली और भीमताल की खूबसूरत वादियों में पर्यटकों और श्रद्धालुओं की अत्यधिक संख्या में आगमन की संभावना को देखते हुए नैनीताल पुलिस ने एक व्यापक यातायात एवं डायवर्जन प्लान जारी किया है।
यह विशेष Kainchi Dham Traffic Plan 2026 व्यवस्था दिनांक 02.10.2026 से दिनांक 04.10.2026 तक प्रतिदिन सुबह 06:00 बजे से रात्रि 20:00 (8:00) बजे तक प्रभावी रहेगी। पुलिस मीडिया सेल के अनुसार, मार्गों पर अतिरिक्त यातायात दबाव को नियंत्रित करने और जाम मुक्त सफर सुनिश्चित करने के लिए कई कड़े कदम उठाए गए हैं।
1. हल्द्वानी और अल्मोड़ा की ओर से आने वाले भारी वाहनों के लिए रूट
कैंची धाम, भवाली और भीमताल क्षेत्र में भारी वाहनों के कारण लगने वाले जाम से निपटने के लिए पुलिस ने पुख्ता इंतजाम किए हैं:
• अल्मोड़ा/रानीखेत से हल्द्वानी की ओर आने वाले भारी वाहन: इन वाहनों को मुख्य मार्ग पर आने से पहले ही क्वारब एवं खैरना क्षेत्र से डायवर्ट कर दिया जाएगा। आवश्यकतानुसार इन वाहनों को रामगढ़ और मुक्तेश्वर होते हुए हल्द्वानी की ओर भेजा जाएगा।
• आवश्यक सेवा वाले भारी वाहन: हल्द्वानी से पर्वतीय क्षेत्रों की ओर जाने वाले आवश्यक सेवाओं (जैसे दूध, राशन, दवाइयां और तेल) से संबंधित भारी वाहनों को उनके निर्धारित मार्गों से ही आवागमन की अनुमति होगी।
• अन्य भारी वाहनों पर प्रतिबंध: आम भारी वाहनों को यातायात के दबाव के अनुसार भवाली के सैनेटोरियम तिराहा से पीछे ही रोक दिया जाएगा और चरणबद्ध रूप से (रोटेशन के आधार पर) आगे भेजा जाएगा। जरूरत पड़ने पर इन्हें रामगढ़ और खुटानी मोटर मार्ग से गंतव्य की ओर रवाना किया जाएगा।
2. हल्द्वानी से कैंची धाम जाने वाले पर्यटकों के लिए शटल सेवा अनिवार्य
श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सबसे बड़ी भीड़ हल्द्वानी की ओर से कैंची धाम पहुंचती है। इसके लिए पुलिस ने निजी वाहनों की एंट्री को लेकर सख्त नियम बनाए हैं:
• निजी वाहनों पर रोक: हल्द्वानी, काठगोदाम और भीमताल की ओर से आने वाले समस्त दोपहिया और चार पहिया पर्यटक वाहनों को भवाली नगर क्षेत्र और उसके आसपास निर्धारित पार्किंग स्थलों पर रोक दिया जाएगा।
• शटल सेवा का उपयोग: भवाली से श्री कैंची धाम मंदिर तक जाने के लिए सभी श्रद्धालुओं को अनिवार्य रूप से शटल सेवा (टैक्सी और सार्वजनिक वाहनों) का उपयोग करना होगा। किसी भी निजी या बाहरी पर्यटक वाहन को सीधे मंदिर परिसर की ओर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
• नो पार्किंग ज़ोन: भवाली से कैंची धाम मार्ग पर सड़क किनारे किसी भी प्रकार की वाहन पार्किंग पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों को क्रेन से उठाने और चालान की कार्रवाई की जाएगी।
3. पर्वतीय क्षेत्रों से आने वाले हल्के वाहनों के लिए बाईपास व्यवस्था
अल्मोड़ा, रानीखेत और अन्य पर्वतीय क्षेत्रों से नीचे मैदानी इलाकों (हल्द्वानी) की ओर आने वाले यात्रियों के लिए भी डायवर्जन तय किया गया है:
• बाईपास का इस्तेमाल: चार पहिया वाहनों को भीड़भाड़ वाले मुख्य भवाली मार्ग से बचाने के लिए क्वारब–रामगढ़-नथुवाखान बाईपास मोटर मार्ग से भेजा जाएगा।
• चरणबद्ध संचालन (Hold & Release): यदि मार्गों पर वाहनों का दबाव बहुत अधिक बढ़ जाता है, तो पुलिस वाहनों को जगह-जगह रोककर चरणबद्ध तरीके से धीरे-धीरे आगे बढ़ाएगी ताकि कहीं भी वाहनों का लंबा काफिला न फंसे।
4. टैक्सी और दोपहिया कमर्शियल वाहनों पर कड़ा पहरा
वीकेंड के दौरान स्थानीय और बाहरी वाणिज्यिक (कमर्शियल) वाहनों पर भी पाबंदी रहेगी:
• अनावश्यक प्रवेश प्रतिबंधित: कैंची धाम क्षेत्र में किसी भी प्रकार की टैक्सी या दोपहिया (बाइक) टैक्सी का अनावश्यक प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा, ताकि शटल सेवा के रूप में चल रही गाड़ियों को रास्ता मिल सके।
परिस्थितियों के अनुसार बदला जा सकता है प्लान: police
नैनीताल पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह ट्रैफिक प्लान पूरी तरह से लचीला (Flexible) रहेगा। मौके पर तैनात यातायात पुलिस अधिकारी श्रद्धालुओं की वास्तविक संख्या, गाड़ियों की कतारों और मार्ग की स्थिति को देखते हुए इस योजना में तात्कालिक रूप से आवश्यक संशोधन या परिवर्तन कर सकेंगे।
नैनीताल पुलिस की आम जनता से अपील
मीडिया सेल, जनपद नैनीताल की ओर से सभी देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों, स्थानीय जनता, श्रद्धालुओं और वाहन चालकों से विशेष सहयोग की अपेक्षा की गई है। police का कहना है कि वीकेंड और अवकाश के दौरान श्री कैंची धाम, भवाली और भीमताल क्षेत्र में सुगम और सुरक्षित यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी लोग निर्धारित डायवर्जन नियमों का पालन करें, अपनी गाड़ियां अधिकृत पार्किंग में ही खड़ी करें और शटल सेवा का लाभ उठाएं। पुलिस प्रशासन का सहयोग कर अपनी यात्रा को सुखद और यादगार बनाएं।